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Fact Check: अरविंद केजरीवाल के भावुक होने का वायरल वीडियो पुराना, राघव चड्ढा के पार्टी छोड़ने से संबंधित नहीं

केजरीवाल के रोने के वायरल वीडियो को लेकर किया जा रहा दावा गलत है। असल में वायरल हो रहा वीडियो हाल-फिलहाल का नहीं, बल्कि करीब दो महीने पुराना है। दिल्ली शराब घोटाले में क्लीन चिट मिलने पर केजरीवाल भावुक हो गए थे और सबके सामने रोने लगे थे। इस पुराने वीडियो के गलत दावे के साथ वायरल किया जा रहा है।

  • By: Pragya Shukla
  • Published: Apr 28, 2026 at 04:46 PM
  • Updated: Apr 28, 2026 at 06:17 PM

नई दिल्ली (विश्वास न्यूज)। राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा के भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) में शामिल होने के बाद से दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री और आम आदमी पार्टी (आप) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल का एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में केजरीवाल को रोते हुए देखा जा सकता है। इसे शेयर कर दावा किया जा रहा है कि यह वीडियो राघव चड्ढा समेत आम आदमी पार्टी के 7 सांसदों के भाजपा में शामिल होने के बाद का है। सांसदों के पार्टी छोड़ने पर अरविंद केजरीवाल की आंखें नम हो गईं।

विश्वास न्यूज ने अपनी पड़ताल में पाया कि वायरल दावा गलत है। असल में वायरल हो रहा वीडियो हाल-फिलहाल का नहीं, बल्कि करीब दो महीने पुराना है। इस साल फरवरी में राउज एवेन्यू कोर्ट ने दिल्ली शराब घोटाले में केजरीवाल को क्लीन चिट दी थी। उस दौरान वह मीडिया के सामने भावुक हो गए और सबके सामने रोने लगे । इस पुराने वीडियो को गलत दावे के साथ वायरल किया जा रहा है। वहीं, राघव चड्ढा 24 अप्रैल 2026 को बीजेपी में शामिल हुए हैं।

क्या हो रहा है वायरल?

एक्स यूजर ‘पवन’ ने 25 अप्रैल 2026 को वायरल वीडियो शेयर करते हुए कैप्शन लिखा, “आम आदमी पार्टी के 7 सांसद भाजपा में शामिल हो गए। इसके बाद अरविंद केजरीवाल की आँखें नम हो गईं।”

पोस्ट के आर्काइव लिंक को यहां पर देखें।

पड़ताल 

वायरल दावे की सच्चाई जानने के लिए हमने गूगल पर संबंधित कीवर्ड्स की मदद से सर्च किया। हमें वायरल वीडियो ‘IndiaTV’ के आधिकारिक यूट्यूब चैनल पर मिला। वीडियो को 27 फरवरी 2026 को शेयर किया गया था। मौजूद जानकारी के मुताबिक, दिल्ली शराब घोटाले में क्लीन चिट मिलने पर अरविंद केजरीवाल भावुक हो गए थे और सबके सामने रोने लगे थे। 

पड़ताल के दौरान हमें दावे से जुड़ी एक रिपोर्ट ‘नवभारत टाइम्स’ की वेबसाइट पर मिली। रिपोर्ट को 27 फरवरी 2026 को प्रकाशित किया गया था। रिपोर्ट के अनुसार, राउज एवेन्यू कोर्ट ने दिल्ली एक्साइज पॉलिसी मामले में अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसोदिया समेत 23 लोगों को बरी कर दिया था। दिल्ली शराब घोटाला में क्लीन चिट मिलने के बाद AAP के राष्ट्रीय संयोजक और दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल पत्रकारों से बात करते वक्त फूट-फूटकर रो पड़े थे।

वायरल वीडियो हमें न्यूज एजेंसी ‘एएनआई’ के आधिकारिक एक्स अकाउंट पर 27 फरवरी 2026 को शेयर किया हुआ मिला। 

सांसदों के पार्टी छोड़ने को लेकर अरविंद केजरीवाल ने अपने आधिकारिक एक्स अकाउंट पर 24 अप्रैल 2026 को एक पोस्ट किया था। इसमें केजरीवाल ने लिखा, “बीजेपी ने फिर से पंजाबियों के साथ किया धक्का।”

अधिक जानकारी के लिए हमने आम आदमी पार्टी के मीडिया कोऑर्डिनेटर (संयोजक) वेद कुमार से संपर्क किया। उन्होंने हमें बताया कि वायरल दावा गलत है। पुराने वीडियो को विपक्षी दल गलत संदर्भ में सोशल मीडिया पर वायरल कर रहे हैं।

क्या है संदर्भ?

दैनिक जागरण की वेबसाइट पर 27 अप्रैल 2026 को प्रकाशित रिपोर्ट के मुताबिक, 24 अप्रैल 2026 को राघव चड्ढा समेत आम आदमी पार्टी के 7 सांसदों ने पार्टी से बगावत कर भाजपा में शामिल होने की घोषणा की । साथ ही सभापति को आवेदन देकर खुद के भाजपा में विलय की मांग की । राज्यसभा के सभापति सीपी राधाकृष्णन ने आप के बागी सांसदों के भाजपा में विलय को मंजूरी दे दी है। इन सात सांसदों के नाम हैं राघव चड्ढा, संदीप पाठक, अशोक मित्तल, हरभजन सिंह, विक्रमजीत साहनी, स्वाति मालीवाल और राजेंद्र गुप्ता।

गौरतलब है कि मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, राउज एवेन्यू कोर्ट ने कथित शराब घोटाले मामले में अरविंद केजरीवाल समेत अन्य कई लोगों को क्लीन चीट दे दी थी। लेकिन सीबीआई ये मामला हाईकोर्ट लेकर चली गई है। हाईकोर्ट में इस मामले की सुनवाई हो रही है। जस्टिस स्वर्णकांता शर्मा की पीठ इसकी सुनावाई कर रही हैं। लेकिन केजरीवाल इस बाते से खुश नहीं है और उनका कहना है कि इस पीठ के समक्ष मामले की सुनवाई निष्पक्षता और तटस्थता के साथ नहीं हो पाएगी। इसलिए उन्होंने इन तर्कों के बाद सुप्रीम कोर्ट में जज बदलने की याचिका डाली थी, जिसे खारिज कर दिया गया है। अब केजरीवाल ने दिल्ली हाई कोर्ट की जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा को एक चिट्ठी लिखी है। उन्होंने इस चिट्ठी में कहा है कि इस मामले में वो यह फिर उनके वकील अब कोर्ट में पेश नहीं होगें। पूरी रिपोर्ट को यहां और यहां पर पढ़ा जा सकता है।

अंत में हमने वीडियो को गलत दावे के साथ शेयर करने वाले एक्स यूजर के अकाउंट को स्कैन किया। हमने पाया कि यूजर को दस हजार लोग फॉलो करते हैं। यूजर एक खास विचारधारा से जुड़ी पोस्ट शेयर करता है। 

निष्कर्ष: विश्वास न्यूज ने अपनी पड़ताल में पाया कि केजरीवाल के रोने के वायरल वीडियो को लेकर किया जा रहा दावा गलत है। असल में वायरल हो रहा वीडियो हाल-फिलहाल का नहीं, बल्कि करीब दो महीने पुराना है। दिल्ली शराब घोटाले में क्लीन चिट मिलने पर केजरीवाल भावुक हो गए थे और सबके सामने रोने लगे थे। इस पुराने वीडियो के गलत दावे के साथ वायरल किया जा रहा है।

  • Claim Review : आम आदमी पार्टी के 7 सांसदों के भाजपा में शामिल होने पर भावुक हुए केजरीवाल।
  • Claimed By : X User पवन
  • Fact Check : झूठ

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