Fact Check: बिहार के शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने नहीं दिया लड़कियों की शिक्षा के खिलाफ बयान, एजुकेशन नहीं, एजिटेशन कहा था
विश्वास न्यूज की जांच में वायरल पोस्ट फर्जी साबित हुई। बिहार के शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने कहा है कि लड़कियों की पढ़ाई को लेकर उन्होंने बयान नहीं दिया था।
- By: Ashish Maharishi
- Published: May 12, 2026 at 05:34 PM
नई दिल्ली (विश्वास न्यूज)। बिहार के शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी का एक बयान सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। इस वीडियो को शेयर करते हुए कुछ सोशल मीडिया यूजर्स दावा कर रहे हैं कि शिक्षा मंत्री ने लड़कियों की शिक्षा के खिलाफ बयान दिया है। इसे सच मानकर कई सोशल मीडिया यूजर्स शेयर कर रहे हैं।
विश्वास न्यूज ने विस्तार से वायरल पोस्ट की जांच की। यह फर्जी साबित हुई। जांच में पता चला कि बिहार के शिक्षा मंत्री ने ‘एजुकेशन’ नहीं, ‘एजिटेशन’ बोला था। सोशल मीडिया पर जानबूझकर उनके बयान को फर्जी दावे के साथ वायरल किया गया।
बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) की शिक्षक भर्ती परीक्षा (TRE-4) को लेकर राज्य में लगातार आंदोलन हो रहे हैं। 8 मई 2026 को पटना में प्रदर्शन के वक्त पुलिस को लाठीचार्ज करनी पड़ी थी। उसी के बाद शिक्षा मंत्री ने पत्रकारों से बात करते हुए वायरल बयान दिया था। इस बयान को अब गलत दावे के साथ वायरल किया जा रहा है।
क्या हो रहा है वायरल?
फेसबुक यूजर ‘डॉक्टर लक्ष्मण यादव’ ने 11 मई 2026 को एक वीडियो शेयर करते हुए दावा किया, “बिहार के नए शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी कहते हैं कि लड़कियों को शिक्षा की ज़रूरत नहीं, उन्हें घर में ही रहना चाहिए। और यही लोग नारी सम्मान की बातें करते हैं। सोचिए, जिनके हाथों में शिक्षा व्यवस्था की ज़िम्मेदारी है, अगर उनकी सोच ऐसी होगी तो बच्चों और समाज का भविष्य कैसा बनेगा? अपने बच्चों के भविष्य को ऐसे लोगों की संकीर्ण सोच से बचाइए।”

सोशल मीडिया के अलग-अलग प्लेटफॉर्म्स पर कई अन्य यूजर्स भी वायरल पोस्ट को फर्जी दावे के साथ शेयर कर रहे हैं। वायरल पोस्ट का आर्काइव वर्जन यहां देखें।
पड़ताल
विश्वास न्यूज ने वायरल पोस्ट की सच्चाई जानने के लिए सबसे पहले वायरल वीडियो को ध्यान से सुना। इसमें साफ सुना जा सकता है कि बिहार के शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी मीडिया से बात करते हुए आंदोलन से जुड़े सवाल पर एजिटेशन बोलते हैं, न कि एजुकेशन। वीडियो में वह बोलते हैं, “मेरा कहने का मतलब है जरूरत क्या है एजिटेशन की। हमारे घर की बेटियां हमारी शक्ति हैं। हमारी समृद्धि का आधार हैं। और उन बेटियों को क्या जरूरत है सड़क पर आने की। जब नारी शक्ति वंदन के लिए मोदी जी खड़े हैं। आपको हक ऐसे ही मिल जाएगा।”
वायरल वीडियो में हमें ‘न्यूज 4 नेशन’ नाम के एक यूट्यूब चैनल का माइक नजर आता है। इसके आधार पर हमने इस चैनल को सर्च किया। यूट्यूब चैनल ‘न्यूज 4 नेशन’ पर सर्च करने पर हमें शिक्षा मंत्री का पूरा वीडियो मिला । 9 मई 2026 के इस वीडियो में ‘BPSC TRE 4’ की नौकरी को लेकर हुए आंदोलन को लेकर शिक्षा मंत्री आंदोलनकारियों से शांति बनाए रखने की अपील करते हुए कहते हैं, “मेरा कहने का मतलब है जरूरत क्या है एजिटेशन की। हमारे घर की बेटियां हमारी शक्ति हैं। हमारी समृद्धि का आधार हैं और उन बेटियों को क्या जरूरत है सड़क पर आने की। जब नारी शक्ति वंदन के लिए मोदी जी खड़े हैं। आपको हक ऐसे ही मिल जाएगा।” यह बयान वीडियो के 3:54 मिनट की टाइमलाइन पर सुना जा सकता है।

कीवर्ड सर्च के दौरान हमें ‘एबीपी न्यूज’ के यूट्यूब चैनल पर शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी का एक इंटरव्यू मिला। 1:50 मिनट की टाइमलाइन पर शिक्षा मंत्री को वायरल वीडियो के प्रश्न का जवाब देते हुए सुना जा सकता है। वह कहते हैं, “मुझसे किसी पत्रकार ने पूछा कि बेटियों को भी लाठियां लगी हैं। मैंने कहा कि बेटियों को एजिटेशन करने की जरूरत नहीं है। अब मैंने कहा एजिटेशन और उसको चला रहा है एजुकेशन। मैंने अपनी लीगल टीम को यह सब भेजा है।”
विश्वास न्यूज ने जांच को आगे बढ़ाते हुए ‘दैनिक जागरण’, बिहार के ब्यूरो चीफ अरुण अशेष से संपर्क किया और उनके साथ वायरल पोस्ट शेयर किया। उन्होंने बताया कि वायरल पोस्ट फर्जी है। शिक्षा मंत्री ने एजुकेशन नहीं, एजिटेशन कहा था। इसे वायरल वीडियो में साफ सुना जा सकता है।
क्या है संदर्भ?
बिहार में शिक्षक नियुक्ति परीक्षा की अधिसूचना सहित विभिन्न मांगों को लेकर 9 मई 2026 को पटना के जेपी गोलंबर के पास प्रदर्शन हुआ था। इस प्रदर्शन के दौरान पुलिस को लाठीचार्ज भी करना पड़ा था। इस मामले में गांधी मैदान थाने में सरकारी कार्य में बाधा डालने, सड़क जाम और प्रदर्शन करने आदि के आरोप में कई प्रदर्शनकारियों को जेल भेजने के साथ एफआईआर भी दर्ज की गई। इसे लेकर दैनिक जागरण, पटना के संस्करण में 10 मई 2026 को एक खबर भी प्रकाशित की गई। इस खबर को नीचे पढ़ा जा सकता है।

भ्रामक पोस्ट करने वाला फेसबुक यूजर आजमगढ़ का रहने वाला है। इसे छह लाख से ज्यादा लोग फॉलो करते हैं। यह अकाउंट दिसंबर 2010 में बनाया गया था।
निष्कर्ष: विश्वास न्यूज की जांच में वायरल पोस्ट फर्जी साबित हुई। बिहार के शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने कहा है कि लड़कियों की पढ़ाई को लेकर उन्होंने बयान नहीं दिया था। उन्होंने आंदोलन कर रहीं लड़कियों पर हुए लाठीचार्ज के सवाल का जवाब देते हुए ‘एजिटेशन’ कहा था। अब लोग इसे ‘एजुकेशन’ बताकर गलत दावे के साथ वायरल कर रहे हैं।
- Claim Review : बिहार के शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने कहा कि लड़कियों को पढ़ाई की जरूरत नहीं।
- Claimed By : FB User Dr Laxman Yadav
- Fact Check : झूठ
- Report of News3Nation youtube Channel, Dated 9 May 2026
- News Report of ABP News, Dated 10 May 2026
- Epaper of Dainik Jagran, Patna, Dated 9 May 2026
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