X
X

Fact Check: लॉरेंस बिश्नोई को नहीं मिली जमानत, 2020 का वीडियो वायरल 

विश्वास न्यूज ने जब इस वायरल दावे की पड़ताल में पाया कि सोशल मीडिया पर किया जा रहा दावा पूरी तरह फर्जी है। जांच में पुष्टि हुई कि वायरल वीडियो मौजूदा समय का नहीं है, बल्कि साल 2020 का पुराना वीडियो है। और अब इसे नए सिरे से शेयर कर गलत संदर्भ में पेश किया जा रहा है। यह वीडियो उस समय का है, जब लॉरेंस बिश्नोई को पंजाब के फजिल्का की अदालत में पेशी के लिए लाया गया था और जमानत मिली थी।

  • By: Umam Noor
  • Published: Dec 2, 2025 at 03:31 PM

नई दिल्ली (विश्वास न्यूज)। सोशल मीडिया पर इन दिनों एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें कुछ पुलिसकर्मियों के साथ गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई को ले जाते हुए देखा जा सकता है। वीडियो को शेयर करने वाले कई यूजर्स दावा कर रहे हैं कि बिश्नोई को अदालत से जमानत मिल गई है और यह फुटेज उसी वक्त का है। इस दावे के साथ वीडियो अलग-अलग सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर बड़ी संख्या में शेयर किया जा रहा है। 

विश्वास न्यूज ने जब इस वायरल दावे की पड़ताल में पाया कि सोशल मीडिया पर किया जा रहा दावा पूरी तरह फर्जी है। जांच में पुष्टि हुई कि वायरल वीडियो मौजूदा समय का नहीं है, बल्कि साल 2020 का पुराना वीडियो है। और अब इसे नए सिरे से शेयर कर गलत संदर्भ में पेश किया जा रहा है। यह वीडियो उस समय का है, जब लॉरेंस बिश्नोई को पंजाब के फजिल्का की अदालत में पेशी के लिए लाया गया था और जमानत मिली थी।

क्या है वायरल पोस्ट में ?

फेसबुक यूजर झूमा झा ने 27 नवंबर को वायरल पोस्ट को शेयर करते हुए लिखा, “लारेंस बिश्नोई का ताला टूट गया मिली बेल।”

पोस्ट के आर्काइव वर्जन को यहां देखें। 

पड़ताल 

अपनी पड़ताल को शुरू करते हुए सबसे पहले हमने वायरल वीडियो को गौर से देखा। वीडियो में हमें फजिल्का  लिखा हुआ नजर आया। इसी बुनियाद पर पड़ताल को हमने शुरू किया। वायरल वीडियो के की-फ्रेम्स को हमने गूगल लेंस सर्च किया। की-वर्ड की मदद से सर्च किए जाने पर हमें यह वीडियो आरबी लाइव मीडिया नाम के यूट्यूब चैनल पर 24 फरवरी 2020 को अपलोड किया हुआ मिला। यहां दी गई जानकारी के मुताबिक,फजिल्का (पंजाब) की अदालत में लॉरेंस बिश्नोई की पेशी हुई और उसे जमानत मिली है।

इसी मामले का न्यूज सर्च किए जाने पर हमें यह वीडियो और यूट्यूब चैनल पर 2 मार्च 2020 को अपलोड किया हुआ मिला। बताया गया, फजिल्का अदालत ने बिश्नोई समेत चार को बरी किया। 

पड़ताल को आगे बढ़ाते हुए हमने यह भी जांचा कि हाल-फिलहाल में लॉरेंस बिश्नोई को जमानत मिलने से जुड़ी कोई खबर सामने आई है या नहीं। जांच के दौरान ऐसी किसी भी ताज़ा रिपोर्ट का हमें कोई सबूत नहीं मिला।

लॉरेंस बिश्नोई पंजाब के फाजिल्का जिले के दुतारावाली गांव का रहने वाला एक कुख्यात गैंगस्टर है, जिसका असली नाम बलकरण बरार है। सिद्धू मूसेवाला हत्याकांड, सलमान खान को धमकी जैसे मामलों में उसका नाम सामने आ चुका है। कई राज्यों में दर्ज मामलों के चलते उसे समय-समय पर अलग-अलग जेलों में रखा गया और फिलहाल वह गुजरात की साबरमती सेंट्रल जेल में बंद है

वायरल वीडियो से जुड़ी पुष्टि के लिए हमने हमारे सहयोगी पंजाबी जागरण फजिल्का में सीनियर रिपोर्टर तजिंदर सिंह से संपर्क किया। उन्होंने हमने बताया कि यह वीडियो कई साल पुराना है, लॉरेंस बिश्नोई को जमानत नहीं मिली है। 

पहले भी लॉरेंस बिश्नोई से जुड़े कई दावे सोशल मीडिया पर वायरल हुए हैं। जिनकी फैक्ट चेक रिपोर्ट को पढ़ा जा सकता है।

अब बारी थी फजी पोस्ट को शेयर करने वाले फेसबुक यूजर झूमा झा को स्कैनिंग की। स्कैनिंग पर पता चला कि झूमा झा को 12 हजार लोग फॉलो करते हैं। वहीं, यूजर के बायो के अनुसार, वह झाँसी की रहने वाली है।

निष्कर्ष: विश्वास न्यूज ने जब इस वायरल दावे की पड़ताल में पाया कि सोशल मीडिया पर किया जा रहा दावा पूरी तरह फर्जी है। जांच में पुष्टि हुई कि वायरल वीडियो मौजूदा समय का नहीं है, बल्कि साल 2020 का पुराना वीडियो है। और अब इसे नए सिरे से शेयर कर गलत संदर्भ में पेश किया जा रहा है। यह वीडियो उस समय का है, जब लॉरेंस बिश्नोई को पंजाब के फजिल्का की अदालत में पेशी के लिए लाया गया था और जमानत मिली थी।

  • Claim Review : बिश्नोई को अदालत से जमानत मिल गई है और यह फुटेज उसी वक्त का है।
  • Claimed By : फेसबुक यूजर झूमा झा
  • Fact Check : झूठ

पूरा सच जानें... किसी सूचना या अफवाह पर संदेह हो तो हमें बताएं

सब को बताएं, सच जानना आपका अधिकार है। अगर आपको ऐसी किसी भी मैसेज या अफवाह पर संदेह है जिसका असर समाज, देश और आप पर हो सकता है तो हमें बताएं। आप हमें नीचे दिए गए किसी भी माध्यम के जरिए जानकारी भेज सकते हैं...

टैग्स

अपनी प्रतिक्रिया दें

No more pages to load

संबंधित लेख

Next pageNext pageNext page

Post saved! You can read it later