Fact Check: दिल्ली के जंतर मंतर पर भूख हड़ताल पर बैठे सोनम वांगचुक की AI तस्वीर वायरल
जांच में सोनम वांगचुक की वायरल तस्वीर फर्जी साबित हुई। इसे एआई टूल की मदद से बनाया गया है। हालांकि, दिल्ली के जंतर मंतर पर भूख हड़ताल पर बैठे सोनम वांगचुक का वजन दिनोंदिन कम होता जा रहा है।
- By: Ashish Maharishi
- Published: Jul 14, 2026 at 04:12 PM
- Updated: Jul 17, 2026 at 12:01 PM
नई दिल्ली (विश्वास न्यूज)। दिल्ली के जंतर मंतर पर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल कर रहे शिक्षाविद् और जलवायु कार्यकर्ता सोनम वांगचुक की तस्वीर इन दिनों सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रही है। इस तस्वीर में कुछ लोग उन्हें काले कपड़े में लपेटकर उनका वजन नापते हुए दिख रहे हैं। इस तस्वीर के साथ लिखा गया कि भगवान उनकी आत्मा को शांति दे। सोशल मीडिया पर इस पोस्ट को सच मानकर कुछ सोशल मीडिया यूजर्स शेयर कर रहे हैं।
विश्वास न्यूज ने वायरल तस्वीर की जांच की। यह फर्जी साबित हुई। जांच में पता चला कि इसे बनाने में एआई तकनीक का इस्तेमाल किया गया है। दरअसल, सोनम वांगचुक दिल्ली में कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के विरोध स्थल पर 28 जून 2026 से अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल कर रहे हैं। उनके निधन की बात एकदम बेबुनियाद है। कॉकरोच जनता पार्टी से जुड़े फैक्ट चेक रिपोर्ट्स को यहां पढ़ा जा सकता है।
क्या है वायरल?
फेसबुक यूजर ‘धर्म रक्षक’ ने 14 जुलाई 2026 को ‘Pushpendra Kulshrestha’ नाम के एक ग्रुप में एक तस्वीर शेयर करते हुए लिखा, “हे भगवान ये देखने से पहले मै अंधा क्यो नहीं बना ! भगवान इनकी आत्मा को शांति दे। सोनम वांकचुक।”

वायरल पोस्ट के कंटेंट को यहां ज्यों का त्यों लिखा गया है। इसके आर्काइव वर्जन को यहां देखा जा सकता है। इसे सच मानकर कई यूजर्स सोशल मीडिया पर शेयर कर रहे हैं।
पड़ताल
विश्वास न्यूज ने सबसे पहले वायरल तस्वीर को गूगल लेंस टूल के जरिए स्कैन किया। यह तस्वीर हमें कुछ सोशल मीडिया हैंडल्स के अलावा कहीं भी नहीं मिली। जांच को आगे बढ़ाते हुए हमने वायरल तस्वीर को ध्यान से देखा। इसमें दो बातें हमें अजीब लगीं। तस्वीर में सोनम वांगचुक का पैर वाला हिस्सा गायब था। इसी तरह टोपी में दिख रहे शख्स के हाथों की अंगुलियां अजीब शेप में नजर आईं। इससे हमें तस्वीर के फर्जी होने का शक हुआ।

पड़ताल को आगे बढ़ाते हुए हमने वायरल फोटो को एआई डिटेक्शन टूल्स की मदद से चेक करना शुरू किया। सबसे पहले हमने ‘हाइव मॉडरेशन’ टूल का इस्तेमाल किया। इस टूल की मदद से स्कैन करने पर 99 फीसदी से ज्यादा संभावना इस बात की जताई गई कि तस्वीर एआई की मदद से बनाई गई है।

हमने एक अन्य टूल ‘साइट इंजन’ की मदद से भी फोटो को सर्च किया। साइट इंजन के एनालिसिस में भी 99 फीसदी तक तस्वीर के एआई से बने होने के संकेत सामने आए।

इसके बाद हमने ‘isitai’ का इस्तेमाल किया और इस टूल ने फोटो के एआई से बने होने की करीब 99 फीसदी संभावना जताई।

सर्च के दौरान हमें अभिजीत दीपके के एक्स हैंडल पर एक वीडियो मिला। 12 जुलाई 2026 को अपलोड किए गए वीडियो में वायरल तस्वीर में दिख रहे सोनम वांगचुक और अन्य लोगों को देखा जा सकता है। इससे यह स्पष्ट हो गया कि इसी वीडियो का दुरुपयोग करके वायरल तस्वीर तैयार की गई है। इस तस्वीर में सोनम को उसी स्थिति में देखा जा सकता है, जैसा कि वायरल तस्वीर में दिखाया गया है।
विश्वास न्यूज ने जांच के दौरान कॉकरोच जनता पार्टी के प्रवक्ता विजेता दहिया से भी संपर्क किया। उन्होंने बताया कि सोनम वांगचुक की भूख हड़ताल जारी है और उनकी वायरल तस्वीर फेक है। इसे एआई की मदद से बनाया गया है।
क्या है संदर्भ?
‘जागरण डॉट कॉम’ की 12 जुलाई 2026 की एक खबर के अनुसार, देश में परीक्षाओं में अनियमितताओं के मामले में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर कॉकरोच जनता पार्टी ने 20 जून 2026 को दिल्ली के जंतर मंतर पर धरना-प्रदर्शन शुरू किया था। इसके बाद सोनम वांगचुक 28 जून 2026 को इसमें शामिल हुए थे। सोनम वांगचुक अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल कर रहे हैं।
14 जुलाई 2026 को जारी स्वास्थ्य बुलेटिन के अनुसार, भूख हड़ताल के 17वें दिन सोनम वांगचुक का वजन 8.5 किलोग्राम कम हो चुका है। उनका ब्लड प्रेशर 109/70 है।
जांच के अंत में फर्जी पोस्ट करने वाले फेसबुक पेज की जांच की गई। पता चला कि ‘धर्म रक्षक’ नाम के इस पेज को छह हजार से ज्यादा लोग फॉलो करते हैं। यह अकाउंट सितंबर 2025 में बनाया गया था।
निष्कर्ष: विश्वास न्यूज की जांच में सोनम वांगचुक की वायरल तस्वीर फर्जी साबित हुई। इसे एआई टूल की मदद से बनाया गया है। हालांकि, दिल्ली के जंतर मंतर पर भूख हड़ताल पर बैठे सोनम वांगचुक का वजन दिनोंदिन कम होता जा रहा है।
- Claim Review : जंतर मंतर पर भूख हड़ताल पर बैठे सोनम वांगचुक की मृत्यु।
- Claimed By : FB User Dharma Rakshak
- Fact Check : झूठ
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