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Fact Check: यह कोरोना वायरस की वैक्सीन नहीं, COVID-19 टेस्ट किट है

  • By Vishvas News
  • Updated: March 25, 2020

नई दिल्ली (विश्वास टीम)। सोशल मीडिया पर एक पोस्ट वायरल हो रही है। इस पोस्ट में दावा किया जा रहा है कि अमेरिकी वैज्ञानिकों ने कोरोना वायरस के संक्रमण के इलाज के लिए एक वैक्सीन विकसित कर ली है। इस पोस्ट में आगे दावा किया जा रहा है कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने घोषणा की है कि रोशे मेडिकल कंपनी रविवार को यह वैक्सीन लॉन्च करेगी। विश्वास न्यूज की पड़ताल में यह वायरल पोस्ट फर्जी निकली है। वायरल तस्वीर कोरोना वायरस वैक्सीन की नहीं, बल्कि COVID-19 टेस्ट किट की है।

क्या है वायरल पोस्ट में

फेसबुक पर Bachcha Babu Yadav नाम के यूजर ने इस वायरल पोस्ट को शेयर किया है। इसमें लिखा है, ‘बढ़िया खबर! कारोना वायरस वैक्सीन तैयार। इंजेक्शन के बाद 3 घंटे के भीतर रोगी को ठीक करने में सक्षम। अमेरिकी वैज्ञानिकों को सलाम। अभी ट्रम्प ने घोषणा की कि रोशे मेडिकल कंपनी अगले रविवार को लॉन्च करेगी, और लाखों खुराक इससे तैयार हैं !!!’

इस पोस्ट के आर्काइव्ड वर्जन को यहां क्लिक कर देखा जा सकता है।

पड़ताल

विश्वास न्यूज ने तस्वीर पर Google Reverse Image Search का इस्तेमाल कर अपनी पड़ताल शुरू की। हमें पता चला कि तस्वीर में दिख रही चीज वैक्सीन नहीं, बल्कि कोरोना वायरस की टेस्ट किट है। हम इस पड़ताल में Sugentech की वेबसाइट पर पहुंचे जो वायरस तस्वीर में दिख रहे प्रोडक्ट की उत्पादक है।

विश्वास न्यूज ने तस्वीर पर Google Reverse Image Search का इस्तेमाल कर अपनी पड़ताल शुरू की। हमें पता चला कि तस्वीर में दिख रही चीज वैक्सीन नहीं, बल्कि कोरोना वायरस की टेस्ट किट है। हम इस पड़ताल में Sugentech की वेबसाइट पर पहुंचे जो वायरस तस्वीर में दिख रहे प्रोडक्ट की उत्पादक है।

इस प्रोडक्ट के डिस्क्रिप्शन में लिखा है, ‘SGTi-flex COVID-19 IgM/IgG एक गोल्ड नैनोपार्टिकल-बेस्ड इम्यूनो क्रोमैटोग्राफिक टेस्ट किट है जिससे इंसान के खून (उंगली या नस से निकाले गए), सीरम या प्लाज्मा में COVID-19’s IgM और IgG एंटीबॉडीज का पता लगाया जाता है। किट सटीक और उपयोग में आसान है और नतीजे 10 मिनट के भीतर अपनी आंखों से देखे जा सकते हैं।’

जब हमने ‘Sugentech’ के पेज पर ‘About us‘ का सेक्शन चेक किया तो हमने पाया कि Sugentech, Inc. एक कोरियाई कंपनी है। ये कंपनी विभिन्न प्रकार के इन-विट्रो डायग्नोस्टिक उत्पादों को बनाती और बेचती है।

विश्वास न्यूज ने इंद्रप्रस्थ अपोलो अस्पताल के पल्मोनोलॉजिस्ट डॉक्टर निखिल मोदी से बात की। हमने उन्हें वायरल तस्वीर दिखाई। उन्होंने कहा, ‘यह कोरियाई कंपनी द्वारा कोरोना वायरस की जांच के लिए तैयार की गई टेस्ट किट है। यह वैक्सीन नहीं है। कोरोना वायरस के लिए अबतक कोई वैक्सीन तैयार नहीं की गई है।’

इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च (ICMR) ने भी कॉमर्शियल इस्तेमाल के लिए टेस्ट किट की अनुशंसा की है।

सेंटर्स फॉर डिजीज कंट्रोल एंड प्रिवेंशन के मुताबिक, फिलहाल 2019-nCoV के संक्रमण को रोकने के लिए कोई वैक्सीन नहीं है। हालांकि, सांस से फैलने वाले वायरस को रोकने के लिए सुरक्षात्मक कदम उठाए जा सकते हैं।

विश्वास न्यूज इससे पहले भी कोरोना वायरस से जुड़ी फर्जी पोस्टों का खुलासा कर चुका है। इन खुलासों को हेल्थ फैक्ट चेक पेज पर जाकर देखा जा सकता है।

Disclaimer: कोरोनावायरसफैक्ट डाटाबेस रिकॉर्ड फैक्ट-चेक कोरोना वायरस संक्रमण (COVID-19) की शुरुआत से ही प्रकाशित हो रही है। कोरोना महामारी और इसके परिणाम लगातार सामने आ रहे हैं और जो डाटा शुरू में एक्यूरेट लग रहे थे, उसमें भी काफी बदलाव देखने को मिले हैं। आने वाले समय में इसमें और भी बदलाव होने का चांस है। आप उस तारीख को याद करें जब आपने फैक्ट को शेयर करने से पहले पढ़ा था।

निष्कर्ष: तस्वीर में दिख रही चीज वैक्सीन नहीं है, बल्कि ये COVID-19 टेस्ट किट है।

  • Claim Review : तस्वीर में दिख रही चीज COVID19 की वैक्सीन है
  • Claimed By : FB user: Bachcha Babu Yadav
  • Fact Check : झूठ
झूठ
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