Fact Check: बंगाल में प्रदर्शन में हुई झड़प के पुराने वीडियो को पीएम मोदी के हालिया दौरे से जोड़कर किया वायरल
विश्वास न्यूज ने अपनी पड़ताल में पाया कि वायरल किया जा रहा वीडियो साल 2022 का है। यह वीडियो उस वक्त का है जब तृणमूल कांग्रेस के खिलाफ भाजपा ने प्रदर्शन किया था और उसी प्रदर्शन के दौरान भाजपा कार्यकर्ताओं और पुलिस की आपस में झड़प हो गई थी। इसी घटना के पुराने वीडियो को भ्रामक दावे के साथ अब फैलाया जा रहा है।
- By: Umam Noor
- Published: Aug 25, 2025 at 02:58 PM
- Updated: Aug 25, 2025 at 05:17 PM
नई दिल्ली (विश्वास न्यूज)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पिछले दिनों पक्षिम बंगाल का दौरा किया है। इसी बीच सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है जिसमें कुछ लोगों के हाथ में बीजेपी का झंडा है और वहीं, कुछ लोग पुलिसकर्मी पर हमला करते हुए देखे जा सकते हैं।
वीडियो को प्रधानमंत्री मोदी के बंगाल दौरे से जोड़कर शेयर कर दावा किया जा रहा है कि यह हालिया वीडियो है जहां पार्टी विशेष के लोगों ने सड़क पर उपद्रव किया है।
विश्वास न्यूज ने अपनी पड़ताल में पाया कि वायरल किया जा रहा वीडियो साल 2022 का है। यह वीडियो उस वक्त का है जब तृणमूल कांग्रेस के खिलाफ भाजपा ने प्रदर्शन किया था और उसी प्रदर्शन के दौरान भाजपा कार्यकर्ताओं और पुलिस की आपस में झड़प हो गई थी। इसी घटना के पुराने वीडियो को भ्रामक दावे के साथ अब फैलाया जा रहा है।
क्या है वायरल पोस्ट में?
फेसबुक यूजर ने 7 अगस्त को वायरल पोस्ट को शेयर करते हुए लिखा,”मैं कुछ कहूंगा तो विवाद हो जायेगा लेकिन उपद्रियो के हाथ में #भाजपा का झंडा है। पश्चिम बंगाल में इन गुंडों से पुलिस सुरक्षाबल तो सुरक्षित नहीं है और कहते हैं की हिन्दू खतरे में है.”’
पोस्ट के आर्काइव वर्जन को यहां देखें।

पड़ताल
अपनी पड़ताल को शुरू करते हुए सबसे पहले हमने गूगल लेंस के जरिए वायरल वीडियो के की फ्रेम्स को सर्च किया। सर्च किये जाने पर हमें यह वीडियो बिना किसी कैप्शन के 13 सितंबर 2022 को अपलोड किया हुआ मिला।
गूगल टाइम टूल और कीवर्ड की मदद से हमने अपनी पड़ताल को आगे बढ़ाते हुए न्यूज सर्च किया। सर्च किए जाने पर हमें टीवी 9 बांग्ला के यूट्यूब चैनल पर न्यूज बुलेटिन में मिला। 14 सितंबर 2022 की खबर के अनुसार, “भाजपा का नबन्ना अभियान पूरे राज्य में फैल गया है। इस घटना में कुल 6 प्राथमिकी दर्ज की गई हैं। इनके आधार पर पुलिस ने कुल 13 लोगों को गिरफ्तार किया है। बड़ाबाजार थाना पुलिस ने सहायक पुलिस आयुक्त पर हमला करने और पुलिस वाहन में आग लगाने की घटना में कुल 4 लोगों को गिरफ्तार किया है।”
न्यूज सर्च में हमें 14 सितंबर 2022 की एक रिपोर्ट मिली। जानकारी के अनुसार, “मंगलवार को भाजपा के नवान्न अभियान के दौरान इंटरनेट पर एक वीडियो वायरल हुआ। इसमें देबजीत एमजी रोड पर खड़े दिखाई दे रहे हैं। उन्होंने हेलमेट पहना हुआ है। अचानक, कुछ प्रदर्शनकारी लाठी-डंडों और पत्थरों से उन पर टूट पड़ते हैं। उनमें से कई के हाथ में भाजपा के झंडे थे। बेतरतीब ढंग से मारपीट शुरू हो जाती है। वीडियो में देबजीत उग्र भीड़ से बचने के लिए भागते हुए दिखाई दे रहे हैं। प्रदर्शनकारी उनका पीछा कर रहे हैं और उन्हें पीट रहे हैं। भाजपा के झंडाबरदार उन्हें सड़क पर पटक कर पीटना शुरू कर देते हैं। इसके बाद, दो पुलिसकर्मियों ने किसी तरह देबजीत को भीड़ से बचाया और वहाँ से चले गए।”
खबरों के अनुसार, भाजपा ने तृणमूल कांग्रेस सरकार पर भ्रष्टाचार के आरोपों के विरोध में नबान्न (प्रशासनिक भवन) मार्च निकाला था। पुलिस ने जलभराव और कानून-व्यवस्था के कारण इस मार्च को रोकने का प्रयास किया और भाजपा के कई प्रमुख नेताओं जैसे सुवेंदु अधिकारी को गिरफ्तार कर लिया। यह विरोध प्रदर्शन 13 सितंबर को होना तय था, जिसके लिए पार्टी ने समर्थकों के लिए विशेष ट्रेनों का इंतजाम किया था।
वायरल वीडियो से जुड़ी पुष्टि के लिए हमने कोलकाता के सीनियर पत्रकार जॉयदीप से किया। उन्होंने हमें बताया कि यह कई साल वीडियो पुराना है। पीएम मोदी के हालिया दौरे में ऐसा कोई मामला सामने नहीं आया है।
अब बारी थी भ्रामक पोस्ट को शेयर करने वाले फेसबुक यूजर की सोशल स्कैनिंग करने की। हमने पाया कि यूजर को सात हजार लोग फॉलो करते हैं।
निष्कर्ष: विश्वास न्यूज ने अपनी पड़ताल में पाया कि वायरल किया जा रहा वीडियो साल 2022 का है। यह वीडियो उस वक्त का है जब तृणमूल कांग्रेस के खिलाफ भाजपा ने प्रदर्शन किया था और उसी प्रदर्शन के दौरान भाजपा कार्यकर्ताओं और पुलिस की आपस में झड़प हो गई थी। इसी घटना के पुराने वीडियो को भ्रामक दावे के साथ अब फैलाया जा रहा है।
- Claim Review : यह हालिया वीडियो है जहां पार्टी विशेष के लोगों ने सड़क पर उपद्रव किया है।
- Claimed By : FB User- Tabrez Khan
- Fact Check : भ्रामक
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