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Fact Check : किसानों के साथ पुलिस के दुर्व्‍यवहार की यह तस्‍वीर एक कॉमेडी वीडियो का सीन है

  • By Vishvas News
  • Updated: April 17, 2020

नई दिल्‍ली (विश्‍वास न्‍यूज)। सोशल मीडिया में एक पोस्‍ट वायरल हो रही है। इसमें दो कथित पुलिसवाले खेत में एक आदमी और महिला को लाठी से पीटते हुए दिख रहे हैं। दावा किया जा रहा है कि ये किसान अपने खेत में काम कर रहे थे तो पुलिस ने इनके साथ दुर्व्‍यवहार किया।

विश्‍वास न्‍यूज की पड़ताल में यह पोस्‍ट फर्जी निकली। वायरल पोस्‍ट में दिख रही तस्‍वीर एक कॉमेडी वीडियो का सीन है। इसका सच्‍ची घटना से कोई संबंध नहीं है।

क्‍या हो रहा है वायरल

फेसबुक पेज ‘अखिलेश यादव’ ने 15 अप्रैल को एक तस्‍वीर को अपलोड करते हुए दावा किया : ”किसानों के साथ ऐसा दुर्व्यवहार अच्छा नही है। पुलिस को भी समझना चाहिए अगर किसान अपने खेतों मे काम नही करेगा तो अन्न कहाँ से मिलेगा।”

इस पोस्‍ट को अब तक 900 से ज्‍यादा शेयर कर चुके हैं।

पड़ताल

विश्‍वास न्‍यूज ने सबसे पहले वायरल तस्‍वीर को गूगल रिवर्स इमेज टूल में अपलोड करके सर्च किया। सर्च के दौरान हमें ओरिजनल वीडियो  बिंदास फिल्म्स नाम के एक यूट्यूब चैनल पर मिला। इसी वीडियो से तस्‍वीर लेकर फर्जी पोस्‍ट वायरल की गई। 13 अप्रैल 2020 को अपलोड वीडियो की हेडिंग थी : #लॉक-डॉन में गेहूं काटते समय खेत में पहुंच कर पुलिस ने किया जमकर पिटाई फिर देखिए क्या हुआ।

इसके बाद डिस्क्रिप्शन में आर्टिस्‍ट का नाम बताया गया। इस वीडियो में मेनका खान, बबुआ गणेश केसरी, मुन्‍ना यादव और भोला हैं। वीडियो का निर्देशन और स्‍टोरी मुन्‍ना सिंह का है। वीडियो में साफतौर पर बताया गया कि यह एक कॉमेडी वीडियो है।

पड़ताल के अगले चरण में हम बिंदास फिल्‍म्स के Youtube चैनल के ओनर गणेश कुमार केशरी से संपर्क किया। उन्‍होंने विश्‍वास न्‍यूज को बताया, ”वायरल पोस्‍ट वाली तस्‍वीर हमारे ही वीडियो से ली गई है। हम लोगों ने लॉकडाउन को लेकर कॉमेडी वीडियो बनाए थे। यह खूब वायरल हो गया है। इसका सच्‍ची घटना से कोई संबंध नहीं है।”

अंत में हमने फर्जी पोस्‍ट करने वाले अखिलेश यादव पेज की सोशल स्‍कैनिंग की। हमारी जांच में पता चला कि यह एक फैन पेज है। इसे 4.91 लाख लोग फॉलो करते हैं।

  • Claim Review : दावा किया गया कि पुलिस ने किसानों के साथ किया दुर्व्‍यवहार
  • Claimed By : अखिलेश यादव फैन पेज
  • Fact Check : झूठ
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