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Fact Check: महीने में ATM से चार बार से अधिक पैसा निकालने पर 173 रुपये टैक्स लिए जाने का दावा गलत

बैंक ATM से चार बार से अधिक पैसा निकालने बैंक के 173 रुपये रुपये शुल्क लिए जाने का दावा गलत है।

  • By: Abhishek Parashar
  • Published: Aug 5, 2021 at 06:54 PM
  • Updated: Aug 5, 2021 at 07:05 PM

नई दिल्ली (विश्वास न्यूज)। देश में एक अगस्त से टैक्स और बैंकिंग नियमों में प्रस्तावित बदलाव लागू हो चुका है। इसी संदर्भ में सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे एक मैसेज में दावा किया जा रहा है कि नए नियमों के लागू होने के बाद अब एटीएम से महीने में चार बार से अधिक पैसा निकालने पर बैंक 150 रुपये टैक्स और 23 रुपये सर्विस चार्ज को मिलाकर कुल 173 रुपये प्रति लेनदेन की दर से शुल्क वसूलेंगे। वहीं एक अगस्त से बैंक में चार ट्रांजैक्शन के बाद प्रत्येक ट्रांजैक्शन यानी लेनदेन पर 150 रुपये प्रति लेनदेन के शुल्क का भुगतान करना होगा।

विश्वास न्यूज की पड़ताल में यह दावा भ्रामक निकला। ग्राहकों को उनके अपने बैंक (जिसमें उनका खाता है) के एटीएम से हर महीने पांच ट्रांजैक्शंस या लेनदेन पर किसी शुल्क का भुगतान नहीं करना होता है। महानगरीय ग्राहकों के लिए अन्य बैंकों से एटीएम से महीने में मुफ्त निकासी की संख्या तीन है, जबिक गैर महानगरीय शहरों में अन्य बैंकों के एटीएम से कोई ग्राहक महीने में पांच बार (वित्तीय और गैर वित्तीय) तक मुफ्त ट्रांजैक्शंस कर सकते हैं। इस सीमा के बाद होने वाले किसी भी ट्रांजैक्शन के लिए उन्हें प्रति ट्रांजैक्शन अधिकतम 20 रुपये का ही भुगतान करना होता है।

क्या है वायरल पोस्ट में?

फेसबुक यूजर ‘बुरा न मानो मोदी है’ ने वायरल पोस्ट (आर्काइव लिंक) को शेयर करते हुए लिखा है, ”ATM से 4 बार से अधिक पैसा निकलने पर 150 रुपये टैक्स और 23 रुपये सर्विस चार्ज मिलाकर कुल 173 कटेंगे। एक और तोहफा। एक अगस्त से बैंक में 4 ट्रांजैक्शन के बाद हर ट्रांजैक्शन पर 150 रुपये चार्ज लगेगा। जनता के गले पर एक बार में छुरा क्यों नहीं फेर देते?? कमाओ तो टैक्स और बैंक में जमा कराओ तो टैक्स, फिर निकालो तो टैक्स (आप सभी से आग्रह इसे आगे फॉरवर्ड करें।) चुप बैठ कर न सहें।”

सोशल मीडिया पर गलत दावे के साथ वायरल हो रहा पोस्ट

सोशल मीडिया पर कई अन्य यूजर्स ने इस मैसेज को समान और मिलते-जुलते दावे के साथ शेयर किया है।

पड़ताल

दैनिक जागरण की वेबसाइट पर दो अगस्त को प्रकाशित खबर के मुताबिक अगस्त महीने की पहली तारीख से बैंकिंग को लेकर नए नियम प्रभावी हो गए हैं।

दैनिक जागरण की वेबसाइट पर दो अगस्त को प्रकाशित खबर

कई अन्य न्यूज रिपोर्ट्स में भी इन सभी बदलावों की समग्र और विस्तृत जानकारी दी गई है, जिसमें एटीएम से नकदी निकासी के नए नियम और उस पर लगने वाले शुल्क में किए गए परिवर्तन की जानकारी शामिल है।

रिपोर्ट के मुताबिक, ‘आरबीआई ने बैंकों को अगले साल से नकद और गैर-नकद एटीएम लेनदेन के लिए मुफ्त मासिक सीमा से अधिक शुल्क बढ़ाने की भी अनुमति दी है। वहीं मुफ्त लेनदेन की मासिक सीमा से अधिक होने पर ग्राहकों को 1 जनवरी, 2022 से 20 रुपये के बजाय प्रति लेनदेन 21 रुपये का भुगतान करना होगा। आरबीआई ने कमर्शियल बैंकों को 1 अगस्त 2021 से वित्तीय लेनदेन के लिए प्रति लेनदेन इंटरचेंज शुल्क 15 रुपये से बढ़ाकर 17 रुपये और सभी केंद्रों में गैर-वित्तीय लेनदेन के लिए 5 रुपये से बढ़ाकर 6 रुपये करने की भी मंजूरी दे दी है।’

स्पष्ट शब्दों में समझा जाए तो प्रति महीने एटीएम ट्रांजैक्शंस की मुफ्त सीमा को पार करने के बाद बैंक फिलहाल ग्राहक से 20 रुपये से अधिक का शुल्क नहीं ले सकेंगे। हालांकि, एक जनवरी 2022 से वह इसके लिए 21 रुपये प्रति ट्रांजैक्शन के शुल्क की वसूली कर सकेंगे।

अपने बैंक (जिसमें ग्राहक का खाता है) के एटीएम से नकदी निकासी की संख्या

आरबीआई की वेबसाइट पर दी गई जानकारी के मुताबिक, ग्राहकों को उनके अपने बैंक (जिसमें उनका खाता है) के एटीएम से हर महीने पांच ट्रांजैक्शंस पर किसी शुल्क का भुगतान नहीं करना होगा। पांच ट्रांजैक्शंस में वित्तीय और गैर वित्तीय लेन-देन दोनों शामिल है।

Source-RBI

अन्य बैंकों के एटीएम से मुफ्त नकद निकासी की संख्या

इसके साथ ही महानगरों के ग्राहको को दूसरे बैंकों के एटीएम से हर महीने तीन ट्रांजैक्शंस और गैर महानगरीय शहरों में पांच ट्रांजैक्शंस के लिए किसी भी प्रकार के शुल्क का भुगतान नहीं करना होगा। अन्य बैंकों (जिसमें ग्राहकों का खाता नहीं है) के एटीएम से प्रति महीने मुफ्त नकद निकासी की संख्या तीन है, जिसमें वित्तीय और गैर वित्तीय लेन-देन शामिल है। महानगरों में उपभोक्ता अन्य बैंक के एटीएम से महीने में तीन बार बिना किसी शुल्क के नकद निकाल सकेंगे, वहीं गैर महानगरीय शहरों में यह संख्या पांच बार रखी गई है।

10 जून 2021 को आरबीआई की तरफ से जारी अधिसूचना के मुताबिक, निर्धारित सीमा को पार करने यानी एटीएम से प्रति महीने के लिए तय मुफ्त नकद निकासी की संख्या के बाद बैंक ग्राहक से प्रति लेनदेन 20 रुपये से अधिक का शुल्क नहीं ले पाएंगे। आरबीआई ने हालांकि, बैंकों को इस शुल्क को 20 रुपये से बढ़ाकर 21 रुपये करने की अनुमति दे दी है, जो एक जनवरी 2022 से लागू होगा।

10 जून 2021 को आरबीआई की तरफ से जारी अधिसूचना

जबकि वायरल पोस्ट में दावा किया जा रहा है कि मुफ्त नकद निकासी की तय संख्या के बाद किए गए लेनदेन के लिए ग्राहकों को 150 रुपये का टैक्स और 23 रुपये का सर्विस चार्ज मिलाकर कुल 173 रुपये प्रति लेनदेन की दर से भुगतान करना होगा। हमारी जांच में यह दावा पूरी तरह से गलत साबित होता है।

विश्वास न्यूज ने वायरल दावे को लेकर भारतीय रिजर्व बैंक के प्रवक्ता से संपर्क किया। उन्होंने कहा, ‘फिलहाल कोई बैंक अपने ग्राहकों से प्रति माह नकद निकासी की संख्या से अधिक के लेनदेन पर 20 रुपये प्रति लेनदेन से अधिक का शुल्क नहीं वसूल सकता है। तय सीमा से अधिक के ट्रांजैक्शन के मामले में 173 रुपये का शुल्क लिए जाने की बात बिलकुल गलत है।’

वायरल पोस्ट के दूसरे दावे के मुताबिक, ‘एक अगस्त से बैंक में चार ट्रांजैक्शंस के बाद प्रति ट्रांजैक्शन पर 150 रुपये का चार्ज देना होगा।’

हमारी जांच में यह दावा भी भ्रामक निकला। सर्च में हमें ऐसी कई पुरानी खबरें मिली, जिसके मुताबिक साल 2017 में एचडीएफसी समेत कई निजी बैंकों ने प्रति महीने के लिए निर्धारित मुफ्त चार ट्रांजैक्शंस (नकद जमा और नकद निकासी) के बाद प्रति लेनदेन पर 150 रुपये का शुल्क लिए जाने की घोषणा की थी। हालांकि यह सभी बैंकों के लिए अलग-अलग है।

एक मार्च 2017 को एचडीएफसी बैंक की तरफ से जारी नोटिफिकेशन के मुताबिक महीने में चार बार नकदी लेनदेन (जमा और निकासी को मिलाकर) शुल्क मुक्त है। इसके बाद पांचवें लेनदेन से प्रति लेनदेन पर 150 रुपये (और टैक्स) का भुगतान करना होगा। वहीं बैंक ने एसबी मैक्स ग्राहकों को महीने में पांच फ्री लेनदेन की सुविधा दी है।

एक मार्च 2017 को एचडीएफसी बैंक की तरफ से जारी नोटिफिकेशन

एसबीआई की वेबसाइट पर मौजूद सर्कुलर (एक अक्टूबर 2019 से प्रभावी) के मुताबिक, बैंक में जमा खाते में महीने में तीन बार नकदी जमा की सुविधा मुफ्त है। चौथे लेनदेन के लिए बैंक 50 रुपये (और जीएसटी) प्रति लेनदेन के हिसाब से शुल्क लेता है। वहीं नकदी निकासी के मामले में भी प्रति महीने के लिए तय मुफ्त निकासी की संख्या के बाद से बैंक 50 रुपये (और जीएसटी) प्रति लेनदेन के हिसाब से शुल्क वसूलता है। यानी जमा और निकासी के मामले में बैंक दर बैंक शुल्क अलग-अलग है।

Source-SBI

वायरल पोस्ट को गलत दावे के साथ शेयर करने वाले पेज को करीब 84 हजार से अधिक लोग फॉलो करते हैं।

निष्कर्ष: एक अगस्त से एटीएम से चार बार से अधिक पैसा निकालने पर 150 रुपये टैक्स और 23 रुपये के सर्विस चार्ज को मिलाकर कुल 173 रुपये का शुल्क देने और बैंक में चार ट्रांजैक्शन के बाद प्रत्येक ट्रांजैक्शन पर 150 रुपये के शुल्क का भुगतान करने के दावे के साथ वायरल हो रहा पोस्ट गलत है।

  • Claim Review : एटीम से चार बार से अधिक पैसा निकाला तो बैंक वसूलेंगे 173 रुपये का शुल्क
  • Claimed By : FB Page-बुरा न मानो मोदी है
  • Fact Check : झूठ

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