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Fact Check: एक बार फिर से कोल्‍ड ड्रिंक में इबोला वायरस होने के दावे के साथ वायरल हुई फर्जी पोस्‍ट

विश्वास न्यूज की पड़ताल में कोल्ड ड्रिंक में इबोला वायरस मिलाने का दावा फर्जी पाया गया है।

  • By Vishvas News
  • Updated: October 27, 2022

नई दिल्‍ली (विश्‍वास न्‍यूज)। सोशल मीडिया पर एक पोस्ट वायरल हो रही है। इसमें दावा किया जा रहा है कि कोल्ड ड्रिंक का सेवन न करें, क्योंकि कंपनी के एक कर्मचारी ने इनमें इबोला वायरस से संक्रमित खून मिला दिया है। इस पोस्ट में यह दावा एनडीटीवी के हवाले से किया जा रहा है। विश्वास न्यूज की पड़ताल में यह दावा गलत साबित होता है। हैदराबाद पुलिस द्वारा पूरे भारत में इस तरह की सूचना जारी नहीं की गई है और ना ही एनडीटीवी द्वारा इससे संबंधित किसी खबर को प्रकाशित किया गया है। वायरल पोस्‍ट पूरी तरह बेबुनियाद है।

क्या है वायरल पोस्ट में?

फेसबुक पेज “Barshami news ” ने 14 अक्टूबर को यह पोस्ट शेयर की है। पोस्ट में लिखा है, ‘प्लीज सभी मित्रों को फॉर्वर्ड करें। हैदराबाद पुलिस की तरफ से पूरे भारत में सूचना दी गई है। कृपया आने वाले कुछ दिनों तक आप कोई भी कोल्ड ड्रिंक जैसे माजा, फैन्टा, 7अप, कोका कोला, माउंटेन ड्यू, पेप्सी, इत्यादि न पिएं क्योंकि इसमें से एक कंपनी के कामगार ने इसमें इबोला नामक खतरनाक वायरस का दूषित खून मिला दिया है। ये खबर कल NDTV चैनल में बताई थी। आप जल्द से जल्द इस मैसेज को फॉर्वर्ड करके मदद करें। आप जितना हो सके इसे शेयर करें, धन्यवाद।’

फैक्ट चेक के उद्देश्य से फेसबुक पोस्ट में लिखी गई बातों को हूबहू लिखा गया है। इस पोस्‍ट को दूसरे यूजर्स भी वायरल कर रहे हैं। पोस्ट के आर्काइव वर्जन को यहां देखा जा सकता है।

पड़ताल

विश्‍वास न्‍यूज ने वायरल पोस्ट की सच्‍चाई जानने के लिए सबसे पहले कीवर्ड के जरिए गूगल सर्च किया। सर्च के दौरान हमें वायरल दावे से जुड़ी कोई भी विश्वसनीय मीडिया रिपोर्ट्स नहीं मिली पर हमें हैदराबाद पुलिस के द्वारा 13 जुलाई 2019 को किया गया एक ट्वीट ज़रूर मिला। जिसमें वायरल दावे को फर्जी बताया गया। हैदराबाद पुलिस ने अपने ट्वीट में लिखा, “Fake news spreading on social media about cool drinks and a warning from Hyderabad city police is fake one and Hyderabad city police never released any message regarding this.”

हिंदी अनुवाद: शीतल पेय को लेकर सोशल मीडिया पर वायरल खबर फर्जी है। हैदराबाद पुलिस ने इस बारे में कभी कोई संदेश जारी नहीं किया है। पूरा ट्वीट यहां पढ़ा जा सकता है।

इबोला वायरस के बारे में और अधिक जानकारी के लिए हमने सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल एंड प्रीवेंशन (CDC) की वेबसाइट पर वायरल दावे के बारे में खोज शुरू की। वेबसाइट पर प्रकाशित रिपोर्ट के अनुसार, “इबोला वायरस खाद्य पदार्थों के माध्यम से नहीं फैलता है। हालांकि, दुनिया के कुछ हिस्सों में जंगली जानवरों के मांस के इस्तेमाल से फैल सकता है।” रिपोर्ट में कोल्ड ड्रिंक्स से इबोला वायरस फैलने का जिक्र नहीं किया गया है। पूरी रिपोर्ट यहां पढ़ें।

पहले भी कई बार यह पोस्ट समान दावे के साथ वायरल हो चुकी है, जिसकी जांच विश्वास न्यूज़ ने की थी। आप हमारी पहले की पड़ताल को यहां पढ़ सकते हो।

अंत में हमने इस पोस्ट को शेयर करने वाले पेज की सोशल स्कैनिंग की। स्कैनिंग में पता चला कि फेसबुक पर इस पेज को 4 जुलाई 2019 बनाया गया है।  

निष्कर्ष: विश्वास न्यूज की पड़ताल में कोल्ड ड्रिंक में इबोला वायरस मिलाने का दावा फर्जी पाया गया है।

  • Claim Review : कोल्ड ड्रिंक में इबोला वायरस।
  • Claimed By : Barshami news
  • Fact Check : झूठ
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